HomeDelhi/NCR सुनीता केजरीवाल ने संभाला मोर्चा

 सुनीता केजरीवाल ने संभाला मोर्चा

नई दिल्‍ली। दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल की पत्नी सुनीता केजरीवाल दिल्ली की अघोषित CM बन गई हैं। साथ ही सुनीता केजरीवाल ने आम आदमी पार्टी (आप) के मुखिया का पद भी अघोषित रूप से संभाल लिया है। लोकसभा के चुनाव में भाजपा को टक्कर देने के लिए सुनीता केजरीवाल ने मोर्चा संभाल लिया है। सुनीता केजरीवाल इस समय पूरे एक्शन मोड में नजर आ रही हैं।
रविंद केजरीवाल 21 मार्च से ED की हिरासत में हैं। 22 मार्च से ही उनकी पत्नी सुनीता केजरीवाल ने दिल्ली की सरकार चलाने से लेकर आम आदमी पार्टी को चलाने का काम संभाल रखा है। चेतना मंच ने पहले ही संभावना जता दी थी कि अरविंद केजरीवाल की गिरफ्तारी के बाद सुनीता केजरीवाल ही दिल्ली की अगली मुख्यमंत्री बनेगी। इस समय सुनीता केजरीवाल पूरी तरह से दिल्ली की अघोषित मुख्यमंत्री नजर आ रही हैं। आम आदमी पार्टी के तमाम मंत्री, विधयक तथा नेता सुनीता केजरीवाल के कहने पर ही काम कर रहे हैं।

अरविंद केजरीवाल के गिरफ्तार हो जाने की स्थिति में दिल्ली के अगले मुख्यमंत्री के रुप में सुनीता का नाम चल रहा है। सुनीता कोई और नहीं अरविंद केजरीवाल की पत्नी है। अरविंद केजरीवाल की तरह से ही सुनीता केजरीवाल भी भारतीय रैवेन्यू सर्विस (IRS) की अधिकारी रही हैं। अब से लगभग 7 वर्ष पूर्व वर्ष 2016 में सुनीता केजरीवाल ने आईआरएस का पद स्वैच्छा से छोड़ दिया था। यानि उन्होंने आईआरएस की सेवा से वालियंटर रिटायरमेंट ले लिया था। स्वैच्छा से पद छोड़ते समय सुनीता केजरीवाल 22 वर्ष की नौकरी पूरी कर चुकी थी। वालियंटर रिटायरमेंट के समय सुनीता केजरीवाल दिल्ली के आयकर विभाग में अपीलीय ट्रिब्यूनल (ITAT) में कमिश्नर आफ इनकम टैक्स के पद पर तैनात थी। 15 जुलाई 2016 से उनकी स्वैच्छिक सेवानिवृत्ति यानि वालियंटर रिटायरमेंट प्रभावी हुआ था।

जाहिरा तौर पर आम आदमी पार्टी के मुखिया अरविंद केजरीवाल परिवारवाद का पुरजोर विरोध करते रहे हैं। उने इस विरोध के बावजूद उनकी IRS पत्नी सुनीता केजरीवाल अपने पति के चुनाव में हमेशा सक्रिय रही हैं। उन्होंने दिल्ली में वर्ष 2013, 2015 तथा वर्ष 2022 में अरविंद केजरीवाल के लिए खुलकर वोट मांगते हुए देखा गया था।
अरविंद केजरीवाल की पत्नी सुनीता केजरीवाल के विरुद्ध भी केस चल चुका है। भाजपा नेता हरीश खुराना की शिकायत पर सुनीता केजरीवाल के विरुद्ध दो विधानसभा क्षेत्रों की मतदाता सूची में नाम होने का केस चला था। आरोप था कि सुनीता केजरीवाल का नाम यूपी की साहिबाबाद तथा दिल्ली की चांदनी चौक विधानसभा सीटों की मतदाता सूची में है। बाद में यह मामला रफा दफा हो गया था।

RELATED ARTICLES

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here

- Advertisment -
Google search engine

Most Popular

Recent Comments